जापानी छात्रों को भाया छत्तीसगढ़ का अपनापन, स्टार्टअप और संस्कृति से हुए रूबरू

14 Sep 2026 - 19:22
0 3
जापानी छात्रों को भाया छत्तीसगढ़ का अपनापन, स्टार्टअप और संस्कृति से हुए रूबरू

रायपुर। भारत-जापान के बीच बढ़ते शैक्षणिक और सांस्कृतिक संबंधों की कड़ी को मजबूत करते हुए जापान की एहिमे यूनिवर्सिटी के 17 सदस्यीय छात्र प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में मुलाकात की। भारत-जापान इंटर एक्सचेंज कार्यक्रम के तहत छत्तीसगढ़ पहुंचे विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री से विभिन्न विषयों पर संवाद किया।

मुख्यमंत्री साय ने जापानी विद्यार्थियों से भारत और जापान के ऐतिहासिक रिश्तों, बौद्ध विरासत, शिक्षा, रिसर्च, तकनीकी नवाचार और स्टार्टअप के साथ युवाओं के बीच बढ़ते संवाद पर चर्चा की। विद्यार्थियों ने छत्तीसगढ़ में अपने अनुभव साझा करते हुए यहां की संस्कृति, परंपराओं और लोगों के आत्मीय व्यवहार की जमकर सराहना की।

गणेश उत्सव और भारतीय संस्कृति ने जीता दिल

जापानी विद्यार्थियों ने भारतीय खान-पान और छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक परंपराओं में भी खास रुचि दिखाई। गणेश उत्सव के दौरान उन्हें भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं को करीब से समझने का अवसर मिला। छात्राओं ने मेहंदी लगवाने और भारतीय परिधानों की खरीदारी के अनुभव भी साझा किए।

विद्यार्थियों ने कहा कि यह यात्रा उनके लिए केवल शैक्षणिक भ्रमण नहीं है, बल्कि भारत को समाज, संस्कृति और यहां की जीवनशैली के माध्यम से समझने का अनूठा अवसर है।

NIT रायपुर के स्टार्टअप ने खींचा ध्यान

छत्तीसगढ़ दौरे के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने NIT रायपुर के रिसर्च सेंटरों और इन्क्यूबेशन सेंटर का भ्रमण किया। यहां विद्यार्थियों ने विभिन्न स्टार्टअप, रिसर्च प्रोजेक्ट और नई तकनीकों के बारे में जानकारी हासिल की।

आम लोगों की रोजमर्रा की समस्याओं के तकनीकी समाधान विकसित करने वाले स्टार्टअप जापानी छात्रों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। विद्यार्थियों ने टेक्नोलॉजी ट्रांसफर, रिसर्च और इनोवेशन के क्षेत्र में भविष्य के सहयोग की संभावनाओं में भी रुचि दिखाई।

सिरपुर में जानेंगे बौद्ध विरासत

तीन दिवसीय शैक्षणिक दौरे के दौरान प्रतिनिधिमंडल ऐतिहासिक और पुरातात्विक स्थल सिरपुर का भी भ्रमण करेगा। यहां विद्यार्थी छत्तीसगढ़ की प्राचीन बौद्ध विरासत, स्थापत्य कला और सांस्कृतिक इतिहास को करीब से समझेंगे।

मुख्यमंत्री साय ने विद्यार्थियों के अनुभवों पर प्रसन्नता जताते हुए कहा कि इस तरह के एक्सचेंज कार्यक्रम दोनों देशों की युवा पीढ़ी को एक-दूसरे की संस्कृति और उपलब्धियों को समझने का अवसर देते हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि भारत-जापान के युवाओं का यह संवाद भविष्य में शिक्षा, मित्रता, नवाचार और सहयोग के नए रास्ते खोलेगा।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User