पेरिस में BAPS स्वामीनारायण मंदिर का भव्य लोकार्पण, PM मोदी बोले- भारत-फ्रांस संबंधों में जुड़ा नया सांस्कृतिक अध्याय

07 Sep 2026 - 09:42
0 2
पेरिस में BAPS स्वामीनारायण मंदिर का भव्य लोकार्पण, PM मोदी बोले- भारत-फ्रांस संबंधों में जुड़ा नया सांस्कृतिक अध्याय

पेरिस: फ्रांस की राजधानी पेरिस में रविवार को BAPS स्वामीनारायण मंदिर का भव्य लोकार्पण किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में शामिल हुए। समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने मंदिर को भारत और फ्रांस के बीच मजबूत होते सांस्कृतिक रिश्तों का नया प्रतीक बताया।

प्रधानमंत्री ने कहा कि यह मंदिर सिर्फ धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं है, बल्कि भारत और फ्रांस के साझा मूल्यों, आपसी सहयोग और ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ की भावना को भी दर्शाता है।

PM मोदी ने संतों और BAPS संस्था को दी बधाई

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भले ही वह पेरिस में प्रत्यक्ष रूप से मौजूद नहीं हैं, लेकिन उनका मन और हृदय इस समारोह से जुड़ा हुआ है। उन्होंने पूज्य महंत स्वामी, संतों और BAPS स्वामीनारायण संस्था को मंदिर के लोकार्पण पर शुभकामनाएं दीं और प्रमुख स्वामी महाराज को श्रद्धापूर्वक नमन किया।

उन्होंने कहा कि प्रमुख स्वामी महाराज ने भारत की प्राचीन आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को दुनिया तक पहुंचाने का जो अभियान शुरू किया था, उसका प्रभाव आज यूरोप सहित कई देशों में दिखाई दे रहा है।

अबू धाबी के बाद पेरिस में मंदिर

प्रधानमंत्री ने 2024 में अबू धाबी में भव्य हिंदू मंदिर के लोकार्पण का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पेरिस में BAPS मंदिर का निर्माण उसी सांस्कृतिक और आध्यात्मिक यात्रा की अगली कड़ी है।

पीएम मोदी के मुताबिक, दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में बन रहे BAPS मंदिर भारतीय संस्कृति, मानवीय मूल्यों और एकता का संदेश पहुंचा रहे हैं। उन्होंने संस्कृत मंत्र ‘समानं मनः सह चित्तमेषाम्’ का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत सदैव लोगों के मन और हृदय को जोड़ने का संदेश देता रहा है।

तकनीक से लेकर अंतरिक्ष तक साथ आगे बढ़ रहे दोनों देश

प्रधानमंत्री ने भारत-फ्रांस संबंधों का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों देश तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रक्षा, अंतरिक्ष और जलवायु परिवर्तन जैसे क्षेत्रों में लगातार सहयोग बढ़ा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 को भारत और फ्रांस ‘भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष’ के रूप में मना रहे हैं। दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी मजबूत ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों की नींव पर लगातार आगे बढ़ रही है।

फ्रांस में भारतीय संस्कृति और योगदान का लंबा इतिहास

पीएम मोदी ने फ्रांस और भारत के पुराने सांस्कृतिक संबंधों को भी याद किया। उन्होंने प्रथम विश्व युद्ध सहित विभिन्न दौर में फ्रांस में भारतीय सैनिकों के योगदान का उल्लेख किया। साथ ही संस्कृत और भारतीय दर्शन को फ्रांस में लोकप्रिय बनाने वाले विद्वानों का भी जिक्र किया।

उन्होंने रोमां रोलां, स्वामी विवेकानंद और रामकृष्ण परमहंस से जुड़े विचारों तथा पेरिस से पुडुचेरी तक ‘द मदर’ की आध्यात्मिक यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि इन ऐतिहासिक कड़ियों ने दोनों देशों के समाजों को करीब लाने में योगदान दिया है।

‘मेड इन इंडिया, बिल्ट इन फ्रांस’ की मिसाल

प्रधानमंत्री मोदी ने पेरिस के मंदिर को ‘मेड इन इंडिया, बिल्ट इन फ्रांस’ का शानदार उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि मंदिर के लिए कई पत्थरों को भारत में तराशा गया और फ्रांस में आधुनिक इंजीनियरिंग तकनीक के साथ उन्हें जोड़कर भव्य मंदिर का निर्माण किया गया।

उन्होंने उम्मीद जताई कि यह मंदिर आने वाली पीढ़ियों तक भारत और फ्रांस के बीच दोस्ती, सहयोग और साझा संभावनाओं का प्रतीक बना रहेगा।

आस्था के साथ सेवा का भी केंद्र बनेगा मंदिर

प्रधानमंत्री ने कहा कि स्वामीनारायण मंदिरों की परंपरा केवल पूजा और आध्यात्मिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि समाजसेवा को भी समान महत्व दिया जाता है। उन्होंने विश्वास जताया कि पेरिस का मंदिर भी सेवा कार्यों का महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।

पीएम मोदी ने कहा कि इस मंदिर के जरिए भारतीय संस्कृति और मानवीय मूल्यों का संदेश पूरे यूरोप तक पहुंच सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में अवसर मिलने पर वह स्वयं पेरिस स्थित इस मंदिर में दर्शन करने का प्रयास करेंगे।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User